लखनऊ : उत्तर प्रदेश के बाहुबली मुख्तार अंसारी के एमएलए बेटे अब्बास अंसारी की मुश्किलें हर रोज बढ़ती जा रही हैं। रविवार को अब्बास अंसारी के सरकारी विधायक आवास दारुलशफा नंबर 107 में यूपी पुलिस ने छापेमारी की। वह MP-MLA स्पेशल कोर्ट के आदेश के बाद कई दिनों से फरार चल रहे हैं। एडीसीपी उत्तरी अनिल यादव ने बताया कि लखनऊ पुलिस ने सुभासपा विधायक अब्बास अंसारी के सरकारी आवास पर छापेमारी की गई लेकिन वे नहीं मिले। इसके बाद पुलिस ने उनके दूसरे ठिकाने मेट्रो सिटी अपार्टमेंट और डालीबाग स्थित फ्लैट में छापेमारी की।
छापेमारी में शामिल इंस्पेक्टर केशव कुमार तिवारी के बताया कि अब्बास अंसारी के खिलाफ कोर्ट ने गिरफ्तारी का वांरट जारी है। 10 अगस्त तक अब्बास अंसारी को कोर्ट में पेश करने का आदेश मिला है। इससे पहले स्पेशल कोर्ट ने 27 जुलाई तक कोर्ट पेश होने का वक्त दिया था जिसके बाद उनके वकील ने कोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका दाखिल की थी जिसे कोर्ट ने खारिज कर दिया था। यूपी पुलिस अब्बास अंसारी की खोज में गाजीपुर, मऊ और लखनऊ समेत कई अन्य स्थानों पर छापेमारी कर रही है। एडीसीपी ने सुभासपा विधायक को पकड़ने के लिए चार टीमों का गठन किया है।
इसे भी पढ़ें– योगी सरकार ने सितम्बर तक बढ़ाई प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना
बता दें कि मऊ सदर विधायक अब्बास अंसारी पर एक लाइसेंस पर धोखाधड़ी से कई शस्त्र रखने का आरोप है। 12 अक्टूबर साल 2019 को महानगर थाने के प्रभारी अशोक कुमार सिंह ने अब्बास अंसारी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस के मुताबिक अब्बास अंसारी ने साल 2012 में गन का लाइसेंस लिया था जिसके बाद शस्त्र लाइसेंस को दिल्ली वाले घर के एड्रेस पर ट्रांसफर करवा लिया। इसके बाद उन्होंने धोखाधड़ी से कई हथियारों की खरीद की।
