प्रयागराज: यूपी बोर्ड की परीक्षाएं अभी तक शुचितापूर्ण माहौल में संपादित हो रही हैं। परीक्षा अब समाप्ति की ओर है। ऐसे में बोर्ड ने उन स्कूलों पर अभी से शिकंजा कसना शुरू कर दिया है, जहां नकल माफियाओं ने परीक्षा की शुचिता प्रभावित करने की कोशिश की थी। प्रदेश में ऐसे 67 कालेज चिह्नित हुए हैं जहां से प्रॉक्सी परीक्षार्थियों को फार्म भरवाया गया था। हालांकि बोर्ड की सतर्कता की वजह से इन नकल माफियाओं के मंसूबे सफल नहीं हो पाए। अभी तक संपादित हुई परीक्षाओं में ऐसे 120 प्रॉक्सी परीक्षार्थी पकड़ में आ चुके हैं। सभी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई हो चुकी है।

बोर्ड ने डीआईओएस के माध्यम से मिली रिपोर्ट के आधार पर गुरुवार को ऐसे स्कूलों की सूची तैयार की है, जिन स्कूलों ने ऐसे परीक्षार्थियों का अपने यहां से नामांकन कराया है। उन्होंने मान्यता के लिए निर्धारित शर्तों का पालन नहीं किया है। इन स्कूलों ने परीक्षाओं के संचालन में गंभीर अनियमितता बरती है। बोर्ड ने इसके लिए माध्यमिक शिक्षा अधिनियम 1921 के अध्याय सात के विनियम-11 में दी गई व्यवस्था का उपयोग किया है। इसके तहत जो विद्यालय परिषदीय परीक्षाओं के संचालन में गंभीर अनियमितता बरतने के दोषी पाए जाएंगे उनकी संस्था की मान्यता वापस ले ली जाएगी।

बोर्ड सचिव दिव्यकांत शुक्ला ने बताया कि अब तक 67 कालेजों के खिलाफ विभिन्न जिलों के डीआइओएस के यहां से अनियमितता की सूचना आई है। इन सभी के खिलाफ मान्यता प्रत्याहरण की कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई है। उन्होंने बताया कि इसके अतिरिक्त जिन अन्य स्कूलों द्वारा भी परीक्षा के सुचारू एवं शांतिपूर्ण संचालन में अनियमितता बरती गई, उनके विरूद्ध भी मान्यता प्रत्याहरण की कार्यवाही की जाएगी।

ऐसी ही महत्वपूर्ण खबरों के लिए लिंक पर क्लिक करें।

Share this:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *